इस अंक में :

मनोज मोक्षेन्‍द्र का आलेख '' सार्थक व्यंग्य के आवश्यक है व्यंग्यात्मक कटाक्षों की सर्वत्रता '', डॉ. माणिक विश्‍वकर्मा '' नवरंग '' का शोध लेख '' हिन्दी गज़ल का इतिहास एवं छंद विधान: हिन्दी की'',रविन्‍द्र नाथ टैगोर की कहानी '' सीमांत '', मनोहर श्‍याम जोशी की कहानी '' उसका बिस्‍तर '', कहानी ( अनुवाद उडि़या से हिन्दी)'' अनसुलझी''मूल लेखिका:सरोजनी साहू अनुवाद:दिनेश कुमार शास्त्री, छत्तीसगढ़ी कहिनी'' फोंक - फोंक ल काटे म नई बने बात'' लेखक:ललित साहू' जख्मी', बाल कहानी '' अनोखी तरकीब''''मेंढक और गिलहरी'' रचनाकार पराग ज्ञान देव चौधरी,सुशील यादव का व्यंग्य '' मन रे तू काहे न धीर धरे'', त्रिभुवन पांडेय का व्‍यंग्‍य ''ललित निबंध होली पर'',गीत- गजल- कविता: रचनाकार :खुर्शीद अनवर' खुर्शीद',श्याम'अंकुर',महेश कटारे'सुगम',जितेन्द्र'सुकुमार',विवेक चतुर्वेदी,सुशील यादव, संत कवि पवन दीवान,रोज़लीन,डॉ. जीवन यदु, टीकेश्वर सिन्हा'गब्दीवाला, बृजभूषण चतुर्वेदी 'बृजेश', पुस्तक समीक्षा:'' इतिहास बोध से वर्तमान विसंगतियों पर प्रहार'' समीक्षा : एम. एम. चन्द्रा'', ''मौन मंथन: एक समीक्षा''समीक्षा''मंगत रवीन्द्र,''जल की धारा बहती रहे''समीक्षा : डॉ. अखिलेश कुमार'शंखधर'

बुधवार, 26 फ़रवरी 2014

बदली हवा

राजेन्द्र मोहन त्रिवेदी '  बन्धु '

हरीश जब कार्यालय से लौटा, माँ को उदास देखकर पूछा - मम्मी, क्या बात है। आज आप उदास लग रही हैं ?''
- क्या कहूँ बेटा ? बहू अब मेरी एक भी बात नहीं सुनती। वह वही करती है जो उसे ठीक लगता है। हमारे कहने का उस पर कोई असर नहीं होता। '' माँ ने मन की पीड़ा बेटे के समक्ष उगल दिया।
- क्या करुँ मम्मी, पढ़ी - लिखी बड़े घर की बेटी होने के कारण वह मेरा भी कहना कहाँ सुनती है। उल्टा मुझसे ही सारे काम करवाने की इच्छा रखती है। उसे जब पैसा चाहिए तभी ढंग से बात करती है।''  अपनी विवशता बता रहा था कि उसकी पत्नी कर्कश स्वर गूँजा - अब वहीं खड़े होकर भाषण देते रहोगे या अन्दर भी आओगे। सुबह जो काम कहे थे उसका क्या हुआ ?''  हंगामा खड़ा न हो जाय यह सोचकर हरीश पत्नी की ओर बढ़ गया।
उसके जाते ही माँ सोचने लगी - यह तो स्वयं पत्नी से घबराता है तो उसे समझायेगा कैसे ?'' वह दु:खी हो उठी। आगे का जीवन क्या ऐसे ही कटेगा ? उसकी दृष्टि कमरे में रखी देवता की मूर्ति पर चली गई। भरी आँखों से उसने कमरे की बत्ती बुझा दी।   
पता - 
331 - निराला नगर,
नि·ट हनुमान मन्दिर
रायबरेली - 229001
मोबाईल - 09005622219

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