इस अंक में :

मनोज मोक्षेन्‍द्र का आलेख '' सार्थक व्यंग्य के आवश्यक है व्यंग्यात्मक कटाक्षों की सर्वत्रता '', डॉ. माणिक विश्‍वकर्मा '' नवरंग '' का शोध लेख '' हिन्दी गज़ल का इतिहास एवं छंद विधान: हिन्दी की'',रविन्‍द्र नाथ टैगोर की कहानी '' सीमांत '', मनोहर श्‍याम जोशी की कहानी '' उसका बिस्‍तर '', कहानी ( अनुवाद उडि़या से हिन्दी)'' अनसुलझी''मूल लेखिका:सरोजनी साहू अनुवाद:दिनेश कुमार शास्त्री, छत्तीसगढ़ी कहिनी'' फोंक - फोंक ल काटे म नई बने बात'' लेखक:ललित साहू' जख्मी', बाल कहानी '' अनोखी तरकीब''''मेंढक और गिलहरी'' रचनाकार पराग ज्ञान देव चौधरी,सुशील यादव का व्यंग्य '' मन रे तू काहे न धीर धरे'', त्रिभुवन पांडेय का व्‍यंग्‍य ''ललित निबंध होली पर'',गीत- गजल- कविता: रचनाकार :खुर्शीद अनवर' खुर्शीद',श्याम'अंकुर',महेश कटारे'सुगम',जितेन्द्र'सुकुमार',विवेक चतुर्वेदी,सुशील यादव, संत कवि पवन दीवान,रोज़लीन,डॉ. जीवन यदु, टीकेश्वर सिन्हा'गब्दीवाला, बृजभूषण चतुर्वेदी 'बृजेश', पुस्तक समीक्षा:'' इतिहास बोध से वर्तमान विसंगतियों पर प्रहार'' समीक्षा : एम. एम. चन्द्रा'', ''मौन मंथन: एक समीक्षा''समीक्षा''मंगत रवीन्द्र,''जल की धारा बहती रहे''समीक्षा : डॉ. अखिलेश कुमार'शंखधर'

मंगलवार, 8 नवंबर 2016

कश्‍मीर हमारा है

हरीलाल मिलन

भारत का सितारा है सितारा ही रहेगा।
कश्मीर  हमारा  है  हमारा ही रहेगा।

सरहद के  आस-पास भी आने न देंगे हम,
अब एक इंच भी ज़मीं जाने न देंगे हम,

प्यारा हमारे देश का प्यारा ही रहेगा,
कश्मीर  हमारा  है  हमारा ही रहेगा।

आतंकवादियों।़ ज़रा अल्लाह से डरो,
इन्सान हो इन्सानियत के नाम पर मरो,

जो है तुम्हारे पास तुम्हारा ही रहेगा,
कश्मीर  हमारा  है  हमारा  ही रहेगा।

उस रोज ठहर जायेगी ये आग ये हिंसा,
जिस रोज अस्त्र- शस्त्र उठायेगी अहिंसा,

न्यारा हमारा देश है न्यारा ही रहेगा,
कश्मीर हमारा है हमारा ही रहेगा।
कुछ भी न कर सकेंगी तुम्हारी मिसाइलें,
तुमको जवाब देंगी  हमारी  मिसाइलें,

हारा है शत्रु युद्ध में हारा ही रहेगा,
कश्मीर  हमारा है  हमारा ही रहेगा।

300 ए / 2 (प्लाट - 16 बी) , दुर्गावती सदन,
हनुमन्त नगर, नौबस्ता, कानपुर - 208039
मोबा. 09935299939

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